मीठी -सी ख़ुशबू
मीना दीदी की लिखी किताब बँधी हुई खुशबू के साथ साथ मेरी जिन्दगी का सफर
हाइगा
होम
हाइकु
सदोका
लघुकथा
मन की बात
बच्चों के मुख से
क्षणिका
कविता
Showing posts with label
सदोका
.
Show all posts
Showing posts with label
सदोका
.
Show all posts
Sunday, December 28, 2014
माँ
हर सुबह
दुओं की पोटली
निकालती मेरी माँ
चुन दुआएं
राहों में देती बिछा
कष्टाें से लेती बचा ।
सीमा स्मृति
Monday, January 13, 2014
नव वर्ष
ये नया साल
दे खुशि
याँ
हजार
आ
ए
नयी बहार
हों
न
ए
रास्ते
यूँ ही बढ़ता जा
ए
हाइकु परिवार ।
Tuesday, November 26, 2013
है टूटा एतबार
1
ये चारो ओर
अहम्
का गुबार
बनावट आधार
नों
चे
-
खसौटे
मानवता व
प्या
र
है टूटा एतबार।
2
कैसा माहौल
हर ओर
घो
टाला
प्या
र दफना डाला
कैसे सं
स्का
र
न
स्लों
को मिटा डाला
जहर घोल डाला
।
त्रिवेणी में प्रकाशित सदोका
Monday, October 7, 2013
आज का सच
सीमा स्मृति
1
ये सिलसिला
खौफ के घने साए
बढ़ते चले जाएँ
,
माँ- बेटी -बहू
हर दिल पे छाएँ
काश ऐसा हो जाए।
2
वो नाजो पली
काम पर थी चली
बाधाएँ रोज़ मिलीं
,
पार न पाए
हर ओर दानव
कैसे लाज बचाए।
3
हर शहर
दरिन्दे हैं घूमते
जाल हैं बिछाते
,
क्
यों मैं बेटी हूँ
रोज देते हैं घाव
देवी कह सताते ।
त्रिवेणी में प्रकाशित मेरा पहला सदोका
हिमांशु भाई साहब को हार्दिक धन्यवाद
Older Posts
Home
Subscribe to:
Posts (Atom)